राठ(हमीरपुर)- थाना सुमेरपुर क्षेत्र के टेढ़ा गांव में संदीप वर्मा के साथ हुई मारपीट की घटना को लेकर शुक्रवार को समाजवादी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल को पीड़ित परिवार से मिलने जाना था। इससे पहले ही सपा नेताओं और पुलिस प्रशासन के बीच तनाव की स्थिति बन गई।समाजवादी पार्टी द्वारा गठित सात सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल के सदस्य एवं समाजवादी अनुसूचित जाति प्रकोष्ठ के प्रदेश अध्यक्ष चंद्रशेखर चौधरी को गुरुवार देर रात उनके चरखारी रोड स्थित सिकंदरपुरा मोहल्ले के आवास पर पुलिस द्वारा नजरबंद कर दिया गया। उनके घर के बाहर भारी पुलिस बल तैनात रहा। बताया गया कि सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव के निर्देश पर प्रतिनिधिमंडल को टेढ़ा गांव पहुंचकर पीड़ित संदीप वर्मा के परिजनों से मुलाकात कर घटना की जानकारी लेनी थी। लेकिन इससे पहले ही राठ पुलिस उनके आवास पहुंच गई और निगरानी शुरू कर दी गई।
प्रदेश अध्यक्ष चंद्रशेखर चौधरी ने भाजपा सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि विपक्ष की आवाज को दबाने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि उन्हें 14 घंटे से अधिक समय तक नजरबंद रखा गया, जो लोकतंत्र की हत्या के समान है। उनका कहना था कि वे केवल पीड़ित परिवार का हालचाल जानने जा रहे थे, लेकिन उनके साथ अपराधियों जैसा व्यवहार किया गया।उन्होंने कहा कि विपक्षी नेताओं को पीड़ित परिवारों से मिलने से रोकना लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ है। वहीं पुलिस प्रशासन की ओर से क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए उनके आवास के बाहर पुलिस बल तैनात किया गया था। मौके पर क्राइम इंस्पेक्टर देवेन्द्र कुमार मिश्रा, एसआई शिवसहाय सरोज सहित अन्य पुलिसकर्मी मौजूद रहे और पूरे इलाके में निगरानी रखी गई।















