लहरपुर। सीतापुर जिले के लहरपुर नगर क्षेत्र में शुक्रवार दोपहर उस समय अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जब मोहल्ला बाजदारी टोला के सभासद आफताब अहमद ने नगर पालिका परिसर में आत्मदाह का प्रयास किया। अपनी मांगों को लेकर नगर पालिका पहुंचे सभासद ने सुनवाई न होने से नाराज होकर अपनी गाड़ी से पेट्रोल निकाला और खुद पर छिड़क लिया। मौके पर मौजूद सभासदों और अन्य लोगों ने उन्हें ऐसा करने से रोकते हुए पकड़ लिया। लोगों की तत्परता से वह आत्मदाह करने में सफल नहीं हो सके। इसके बाद नाराज सभासद नगर पालिका के मुख्य गेट के सामने बैठ गए और धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। घटना के बाद नगर पालिका परिसर में काफी देर तक हलचल बनी रही। सभासद आफताब अहमद की नाराजगी का मुख्य कारण उनके वार्ड में सड़क निर्माण की मांग पूरी न होना बताया जा रहा है। उनका कहना है कि इस संबंध में वह पहले भी कई बार नगर पालिका प्रशासन के सामने अपनी बात रख चुके हैं। पिछले महीने मई में भी उन्होंने अपनी मांगों को लेकर नगर पालिका के बाहर धरना-प्रदर्शन किया था। उस समय अधिशासी अधिकारी अनूप राय ने उनकी मांगों पर कार्रवाई का आश्वासन देते हुए धरना समाप्त कराया था। हालांकि, सभासद के मुताबिक, आश्वासन मिलने के बावजूद उनके वार्ड में प्रस्तावित सड़क का निर्माण नहीं हो सका।
पहले भी कर चुके हैं धरना-प्रदर्शन
जानकारी के अनुसार, मोहल्ला बाजदारी टोला के सभासद आफताब अहमद अपने वार्ड में सड़क निर्माण की मांग लंबे समय से उठा रहे हैं। स्थानीय स्तर पर सड़क निर्माण से संबंधित उनकी मांग नगर पालिका प्रशासन के सामने कई बार रखी जा चुकी है। सभासद ने इस मुद्दे को बोर्ड बैठक में भी उठाया था, ताकि वार्ड की समस्या पर चर्चा हो सके और सड़क निर्माण की दिशा में आवश्यक कार्रवाई की जा सके। इसके अतिरिक्त उन्होंने अपनी मांग को लेकर कई प्रार्थना पत्र भी दिए। इसके बावजूद सड़क निर्माण का काम आगे नहीं बढ़ने से वह नाराज थे। सभासद की शिकायत रही कि बार-बार मांग उठाने और अधिकारियों से संपर्क करने के बाद भी उनकी समस्या का समाधान नहीं हो पाया। पिछले महीने मई में इसी मुद्दे को लेकर उन्होंने नगर पालिका कार्यालय के बाहर धरना दिया था। उस समय अधिशासी अधिकारी अनूप राय ने उनकी मांगों को मानने और आवश्यक कार्रवाई करने की बात कही थी। इसके बाद सभासद ने अपना धरना समाप्त कर दिया था। लेकिन समय बीतने के बाद भी जब सड़क निर्माण नहीं हुआ, तो उनकी नाराजगी एक बार फिर सामने आ गई।
शुक्रवार को फिर नगर पालिका पहुंचे सभासद
शुक्रवार दोपहर सभासद आफताब अहमद एक बार फिर अपनी मांग को लेकर नगर पालिका परिसर पहुंचे थे। वह चाहते थे कि उनके वार्ड में सड़क निर्माण की मांग पर ठोस कार्रवाई की जाए। हालांकि, उनकी बात पर तत्काल समाधान न मिलने से वह नाराज हो गए। इसी दौरान उन्होंने अपनी गाड़ी से पेट्रोल निकाला और खुद पर छिड़क लिया। सभासद की इस हरकत को देखकर मौके पर मौजूद लोगों में हड़कंप मच गया। नगर पालिका परिसर में मौजूद सभासदों और अन्य लोगों ने तत्काल उन्हें पकड़ लिया और आत्मदाह जैसा कदम नहीं उठाने की अपील की। लोगों ने उन्हें समझाने की कोशिश की, जिसके चलते वह खुद को आग लगाने में सफल नहीं हो सके। घटना के दौरान मौके पर लोगों की भीड़ एकत्र हो गई। अचानक हुई इस घटना से नगर पालिका परिसर में अफरा-तफरी का माहौल पैदा हो गया। आसपास मौजूद लोग भी घटनास्थल की ओर पहुंचने लगे। कुछ ही देर में यह मामला नगर क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गया।
नगर पालिका गेट पर बैठकर शुरू किया धरना
आत्मदाह के प्रयास को मौके पर मौजूद लोगों ने रोक दिया, लेकिन अपनी मांग पूरी न होने से नाराज सभासद शांत नहीं हुए। उन्होंने नगर पालिका के मुख्य गेट के सामने ही बैठकर धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। इस दौरान उनका मुख्य मुद्दा वार्ड में सड़क निर्माण की मांग को पूरा कराना रहा। सभासद का कहना था कि जब पहले भी इस समस्या को लेकर अधिकारियों से बातचीत हो चुकी है और मांग पर कार्रवाई का आश्वासन दिया गया था, तो फिर सड़क निर्माण का काम अब तक क्यों नहीं शुरू हुआ। बार-बार प्रार्थना पत्र देने और बोर्ड बैठक में मुद्दा उठाने के बावजूद समस्या का समाधान न होने से वह नाराज थे। इस घटनाक्रम ने नगर पालिका में जनप्रतिनिधियों की समस्याओं की सुनवाई और विकास कार्यों को लेकर दिए जाने वाले आश्वासनों पर भी सवाल खड़े किए। हालांकि, सड़क निर्माण में देरी के वास्तविक प्रशासनिक कारणों के बारे में मौके पर कोई विस्तृत जानकारी सामने नहीं आई।
अधिशासी अधिकारी ने मौके पर पहुंचकर संभाली स्थिति
सभासद के धरने और आत्मदाह के प्रयास की जानकारी अधिशासी अधिकारी अनूप राय को मिली तो वह मौके पर पहुंचे। उन्होंने सभासद आफताब अहमद से बातचीत की और उन्हें समझाने का प्रयास किया। अधिकारियों की ओर से उनकी मांग पर आगे की कार्रवाई करने की बात कही गई। अधिशासी अधिकारी ने मौके पर ही एक कर्मचारी को भेजकर संबंधित अवर अभियंता (जेई) से सड़क निर्माण का स्टीमेट तैयार कराने की बात कही। सड़क निर्माण की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने के लिए स्टीमेट बनवाने के इस आश्वासन के बाद सभासद शांत हुए। इसके बाद उन्होंने शांति पूर्वक अपना धरना समाप्त कर दिया। फिलहाल, इस घटनाक्रम के बाद सड़क निर्माण की मांग पर आगे की कार्रवाई को लेकर लोगों की नजर नगर पालिका प्रशासन पर टिकी है।
आश्वासन के बाद सड़क निर्माण पर टिकी निगाहें
लहरपुर नगर पालिका में सामने आया यह मामला केवल एक सड़क के निर्माण की मांग तक सीमित नहीं है, बल्कि यह भी दर्शाता है कि किसी स्थानीय समस्या के समाधान में देरी होने पर जनप्रतिनिधियों और प्रशासन के बीच किस तरह की स्थिति पैदा हो सकती है। सभासद आफताब अहमद का कहना है कि वह पहले भी इस विषय को अधिकारियों के सामने रख चुके हैं और उन्हें कार्रवाई का आश्वासन मिला था। इसके बावजूद सड़क का निर्माण नहीं हो पाने से उनकी नाराजगी बढ़ती गई। अब अधिशासी अधिकारी की ओर से जेई से स्टीमेट तैयार कराने की बात कहे जाने के बाद यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि आगे की प्रक्रिया कितनी तेजी से पूरी होती है। स्टीमेट तैयार होने के बाद सड़क निर्माण को लेकर क्या निर्णय लिया जाता है और काम कब तक शुरू हो पाता है, इन सवालों का जवाब आने वाले समय में ही मिल सकेगा। फिलहाल, सभासद ने प्रशासन के आश्वासन के बाद अपना धरना समाप्त कर दिया है। लेकिन उनकी मूल मांग सड़क निर्माण की है, इसलिए समस्या का वास्तविक समाधान तभी माना जाएगा जब संबंधित प्रक्रिया पूरी होने के बाद सड़क निर्माण की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे। इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा किया है कि क्या इस बार सभासद की मांग पर वास्तव में कार्रवाई होगी या उन्हें पहले की तरह केवल आश्वासन से ही संतुष्ट रहना पड़ेगा। अब नगर पालिका प्रशासन की अगली कार्रवाई पर सभी की निगाहें टिकी हैं।















