संवाददाता जाकिर अली
गोरखपुर । तेनुवा टोल प्लाजा के निकट ग्रीनवियां रिसोर्ट में पूर्वांचल भागीदारी संकल्प मोर्चा की बैठक हुई जिसमें उत्तर प्रदेश के आगामी लोकसभा व विधानसभा चुनाव के संबंध में विस्तृत चर्चा की गई। आगामी 2027 के विधानसभा चुनाव पर विशेष ध्यान देते हुए पूर्वांचल भागीदारी संकल्प मोर्चा का गठन किया गया है। इस बैठक में अपना समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजन सिंह सूर्यवंशी व अखिल भारतीय संविदा कर्मचारी महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुनील श्रीवास्तव तथा जनशक्ति सेना के पिंटू साहनी एडवोकेट ने विशेष भूमिका निभाई। इस अवसर पर लौकिक समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जनार्दन चौहान, संस्थागारित पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मनोज सिंह सैंथवार, पुरबिया लोग पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष हरेंद्र तिवारी, अभय समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष शत्रुघ्न सिंह निषाद ,भारतीय सर्वजन पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अशोक निषाद, पानी बचाओ महासंघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष विजय जुआठा फिशरमैन आर्मी के राष्ट्रीय अध्यक्ष चंद्रभान निषाद, जनहित किसान पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्याम सुंदर दास चौरसिया, अखिल भारतीय नवनिर्माण पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष विवेक चौधरी और भारतीय किसान यूनियन पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अरविंद सैंथवार ने अपनी भागीदारी निभाई एवं विशिष्ट आमंत्रित अतिथि के रूप में भारत बचाओ संविधान बचाओ आंदोलन के संयोजक तथा भारतीय किसान यूनियन सेकुलर के राष्ट्रीय अध्यक्ष व विश्व शांति मिशन के अध्यक्ष अरुण श्रीवास्तव ने उपस्थित लोगों का उत्साह बढ़ाते हुए कहा कि थोड़ी-थोड़ी संख्या में मिलकर के अपनी ताकत को बढ़ाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में संजय गुर्जर के नेतृत्व में पीडीएमएम गठबंधन भाजपा का सूपड़ा साफ करने के लिए तैयार बैठा है और पूर्वांचल भागीदारी संकल्प मोर्चा पूर्वी उत्तर प्रदेश में अपनी पूरी ताकत लगा दे तो भारतीय जनता पार्टी 2027 के चुनाव में कहीं मुंह दिखाने लायक नहीं रहेगी। उन्होंने कहा कि कांग्रेस को हटाने के लिए एनडीए ने 13 दलों का गठबंधन भाजपा के नेतृत्व में किया था जो आज लगभग 48 दलों के साथ सत्ता में काबिज है तो फिर यह नवगठित गठबंधन व मोर्चा ऐसा क्यों नहीं कर सकता, आप सबका संकल्प यह प्रदर्शित करता है की 2027 के उत्तर प्रदेश चुनाव में भाजपा का सफाया होकर के रहेगा, जरूरत है अभी से जमीनी स्तर पर अपने कार्य में जुड़ जाने की और जनता के बीच में अपने बात को उचित ढंग से उठाने और समझाने की। इस अवसर पर उपस्थित सभी राष्ट्रीय अध्यक्षों ने अपने-अपने विचार व्यक्त किया तथा 2017 के चुनाव में हर हालत में भाजपा को सत्ता से बाहर करने का संकल्प लिया गया।















