*गोरखपुर सहित देश के कई राज्यों में जाति-धर्म से ऊपर उठकर हर हफ्ते चलाया जा रहा है भोजन वितरण का नेक कार्य।*
*संवाददाता- जाकिर अली*
गोरखपुर।आज के दौर में जहां दूरियां बढ़ रही हैं, वहीं समाज में एक ऐसा मंच भी सक्रिय है जो इंसानी रिश्तों को जोड़ने और भूखों का पेट भरने के लिए लगातार काम कर रहा है। ‘अखिल भारतीय मानवता संदेश मंच’ (AIPIF) द्वारा ‘द मैसेज ऑफ ह्यूमैनिटी’ के तहत एक विशेष मुहिम चलाई जा रही है। इस मुहिम का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि देश में कोई भी इंसान भूखा न सोए।
गोरखपुर समेत देश के तमाम राज्यों में इस कार्यक्रम का आयोजन हर सप्ताह दिन शनिवार को नियमित रूप से किया जाता है। इस पुनीत कार्य की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि यह पूरी तरह से गैर-राजनीतिक और विशुद्ध रूप से मानवीय तथा नैतिक मूल्यों पर आधारित है। इस अभियान का किसी भी जाति, पंथ या धार्मिक भेदभाव से कोई सरोकार नहीं है। यहाँ हिंदू, मुस्लिम, सिख, ईसाई—सभी भाई मिलकर आपसी भाईचारा, मानवता और मानवीय मूल्यों का संदेश फैला रहे हैं। इस कार्यक्रम के जरिए केवल भोजन ही नहीं बांटा जा रहा, बल्कि समाज को एक बेहद खूबसूरत संदेश दिया जा रहा है। प्रेम से जीना सीखिए, मानवता की सेवा करें, हमारा समाज हमारी ज़िम्मेदारी। मनुष्य से मनुष्य और हृदय से हृदय को जोड़ना है लक्ष्य संस्था के सेवादारों का कहना है कि इस सेवा कार्य का एकमात्र लक्ष्य मनुष्य को मनुष्य से और हृदय को हृदय से जोड़ना है। इस अभियान के जरिए समाज के आखिरी इंसान तक प्रेम, भाईचारा और मानवता के संदेश को पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है। हर हफ्ते होने वाले इस आयोजन में राहगीरों, जरूरतमंदों और हर वर्ग के लोगों को पूरे सम्मान के साथ भोजन पैकेट वितरित किए जाते हैं। स्थानीय लोगों ने भी इस मुहिम की काफी सराहना की है और इसे समाज के लिए एक प्रेरणादायक कदम बताया है।














