प्रयागराज। रमज़ान उल मुबारक का पाक महीना रहमतों और बरकतों का महीना माना जाता है। इस महीने के पहले अशरे को रहमत का अशरा कहा जाता है, जिसमें इबादत, रोज़ा, तरावीह और कुरआन पाक की तिलावत का विशेष महत्व होता है। इसी क्रम में करेली क्षेत्र के अशब नगर, ऐनुद्दीनपुर स्थित मस्जिद अबू उबैदा रज़ि अल्लाहु तआला अन्हु में रमज़ान के पहले अशरे के दौरान तरावीह की नमाज़ में कुरआन पाक मुकम्मल किया गया। यह कार्यक्रम नवास-ए-असहाबे मिल्लत हज़रत मौलाना आमिर मियां सफवी मिस्बाही साहब की सरपरस्ती में संपन्न हुआ। तरावीह में कुरआन पाक सुनाने के लिए हाफिज अरशद साहब क़िबला को विशेष रूप से आमंत्रित किया गया था, जिन्होंने दस दिनों में मुकम्मल कुरआन पाक सुनाकर तरावीह पूरी कराई। इस अवसर पर मस्जिद के इमाम मौलाना गुफरान साहब क़िबला, मौलाना मिन्हाज साहब क़िबला, मोअज्जिन हाफिज ओवैस साहब क़िबला, एडवोकेट मोहम्मद अकदस साहब, मोहम्मद राशिद साहब सहित बड़ी संख्या में क्षेत्र के सम्मानित लोग और नमाज़ी मौजूद रहे। रमज़ान के पहले अशरे में कुरआन मुकम्मल होने की खुशी में नमाज़ियों ने अल्लाह का शुक्र अदा किया। कार्यक्रम के अंत में हज़रत मौलाना आमिर मियां सफवी मिस्बाही साहब ने मुल्क और उम्मत की सलामती, अमन-चैन और खुशहाली के लिए खास दुआ कराई। दुआ के साथ ही कार्यक्रम का समापन हुआ। रमज़ान के इस मुबारक मौके पर मस्जिद में इबादत करने वालों की अच्छी खासी तादाद देखने को मिली और माहौल पूरी तरह इबादत और रूहानियत से भर गया।








