*सुमेरपुर(हमीरपुर)*- टेढ़ा गांव में दलित युवक के साथ मारपीट की घटना में बढ़ते राजनीतिक दबाव के बाद पुलिस ने मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। घटना के छह दिन बाद हुई इस कार्रवाई के बाद इलाके में चर्चा तेज हो गई है। वहीं प्रशासन ने गांव और पीड़ित के घर के बाहर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है।जानकारी के अनुसार, 18 मई की रात टेढ़ा गांव निवासी संदीप वर्मा को गांव के दो सगे भाइयों ने कार स्टार्ट न होने का बहाना बनाकर घर बुलाया था। आरोप है कि कमरे का दरवाजा बंद कर बेल्टों से बेरहमी से मारपीट की गई और बेहोश होने पर उसे घर के बाहर फेंककर आरोपी फरार हो गए। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने गांव निवासी जगजोधन सिंह उर्फ मुन्नू बउआ और कन्हैया सिंह के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। घटना को लेकर समाजवादी पार्टी और आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) ने कड़ी प्रतिक्रिया दी थी और पीड़ित परिवार से मिलने गांव जाने का ऐलान किया था। हालांकि प्रशासनिक सख्ती के चलते किसी भी राजनीतिक दल के प्रतिनिधिमंडल को पीड़ित से मिलने नहीं दिया गया। गांव और पीड़ित के घर के बाहर पुलिस का पहरा बढ़ा दिया गया था। रविवार को थानाध्यक्ष योगेश तिवारी ने बताया कि उपनिरीक्षक भानु प्रताप सिंह और आरक्षी सुरेंद्र कुमार की टीम ने गांव से दोनों नामजद आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। पुलिस के अनुसार, घटना में दो अन्य लोगों की संलिप्तता भी सामने आई है। मुख्य आरोपियों से पूछताछ के आधार पर उनकी तलाश की जा रही है और जल्द गिरफ्तारी की बात कही जा रही है। मुख्य आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद पीड़ित परिवार ने राहत महसूस की है। पीड़ित ने पहले ही आरोपियों से जान का खतरा बताते हुए उनकी गिरफ्तारी की मांग की थी। वहीं घटना को लेकर सपा लगातार आंदोलनरत रही और पीड़ित से मिलने से रोके जाने पर मुख्यालय में प्रदर्शन कर पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन भी सौंपा गया था।















