- मध्यप्रदेश में बरकतउल्ला विश्वविद्यालय का नाम बदलना दुर्भाग्यपूर्ण
फतेहपुर। जिला कांग्रेस के उपाध्यक्ष सुधाकर अवस्थी ने कहा कि राम और गाँधी के देश की यह सनातन संस्कृति रही है कि किसी के धर्म संस्कृति व अस्तित्व को न मिटाना और उसका सम्मान करना.किन्तु आज राम राज की कल्पना करने वाले व गांधी के सामने नतमस्तक होकर याद करनेवाले भा ज पा के लोग अन्य मजहबी नाम पर चिढ़ व द्वेष के वशीभूत होकर राम गांधी की भारतीय संस्कृति को नष्ट भृष्ट करके संघ की रावणी अपसंस्कृति लागू कर रहे हैं. देश की आजादी में विद्वान् महान स्वतंत्रता संग्राम सेनानी बरकतुल्लाह भोपाली जो गदर पार्टी के संस्थापक उपाध्यक्ष थे जिन्होंने विदेशों में जाकर भारत की जंगे आजादी में सक्रिय भूमिका निभाई उनके सम्मान और याद को अक्षुण बनाये रखने के उनके नाम से बने विश्वविद्यालय का नाम बदलने का प्रस्ताव मध्य प्रदेश की बी जे पी सरकार के इशारे पर पास किया गया है जो राम गांधी के देश भारत की संस्कृति व सभ्यता से भिन्न रावणी अपसंस्कृति का परिणाम है. जिसका विरोध वह हर भारतीय करेगा जो सच्चा राम भक्त व देश भक्त है. माँ भारती की आजादी के लिये स्वतंत्रता संग्राम में जिनकी अहम भूमिका रही उनके नाम से बने विश्वविद्यालय का नाम बदलना हजारों स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के बलिदान व संघर्ष का अपमान है. बी जेपी सरकार स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों के सम्मान व याद को मिटाने का घृणित काम न करे बल्कि दूसरा विश्वविद्यालय बनाकर उसका मन मुताबिक नामकरण करे।














